Sunday, December 30, 2018

नायब तहसीलदार भिनगा की दबंगई कम्बल वितरण में कवरेज कर रहे पत्रकारों से की अभद्रता

पंकज वर्मा (NNI Coverage) 
श्रावस्ती(ब्यूरो) उ0प्र0। कम्बल वितरण सूची में नाम होते हुए भी गरीबों को कम्बल न मिलने का सवाल पूछने पर नायब तहसीलदार ने पत्रकार का कैमरा तोड़ने का प्रयास किया। "साहेब हमरौ नमवा रहा कम्बल वितरण सूचिया मा, तभौ हमैं कम्बलवा नाय मिला।" उक्त फरियाद सिरसिया के उन गरीबों का है जो ठण्ड से बचने के लिए एक अदद कम्बल के लिए सुबह से शाम तक कड़ाके की ठण्ड में लाइन लगाने के बावजूद भी कम्बल नही पा सके, जबकि कम्बल वितरण सूची में उक्त गरीबों का नाम प्रमुखता से दर्ज था। इन गरीबों के निराशा को देखते हुए मौके पर मौजूद मीडिया कर्मियों ने जब गरीबों का आवाज बनने का प्रयास किया तो कम्बल वितरण के प्रभारी नायब तहसीलदार भिनगा को ये बात नागवार गुजरी, और वह मीडिया कर्मियों का कैमरा तोड़ने के लिए छीनने लगे कि आखिर इन लोगों ने हमसे सवाल कैसे पूछ लिया। मैं तो सरकारी कर्मचारी, कम्बल भी सरकारी मैं बाटूं या बेच लूं आपको क्या? नायब तहसीलदार भिनगा शायद इसी सोच के साथ सरकारी सामानों को अपनी बपौती समझते हैं। और सरकार के द्वारा गरीबों को ठण्ड से बचाने के लिए भारी तादाद में भेजे गये कम्बलों में से कुछ कम्बलों का वितरण अपने व नेताओं के चहेतों में करके फोटो खिंचवा कर शेष कम्बलों को बाजारु बनाने की नीयत रखते हैं। ऐसे में "सबका साथ - सबका विकास" का नारा देने वाली भाजपा सरकार के मंसूबों पर नायब तहसीलदार भिनगा पानी फेरते नजर आते हैं। दरअसल रविवार को सिरसिया विकास खण्ड में स्थानीय सांसद दद्दन मिश्रा की अध्यक्षता में कम्बल वितरण कार्यक्रम का आयोजन था। सांसद दद्दन मिश्रा ने कम्बल वितरण का शुभारम्भ करके चले गये। इसके बाद कुछ चहेते गरीबों को कम्बल वितरण करके नायब तहसीलदार शेष कम्बलों को लेकर वापस चलता बने, तो गरीबों ने गिड़गिड़ाते हुए कहा कि, "साहेब हमरौ नमवा रहा कम्बल वितरण सूचिया मा, तभौ हमैं कम्बलवा नाय मिला।" गरीबों की इस निराशा पर जब मीडिया कर्मियों के द्वारा नायब तहसीलदार भिनगा से सवाल पूछा गया तो नायब तहसीलदार भिनगा ने मीडिया कर्मियों का कैमरा तोड़ने पर आमादा हो गये। नायब तहसीलदार भिनगा के द्वारा मीडिया कर्मियों से किया गया अभद्र व्यवहार कम्बल वितरण में एक बड़े घोटाले की तरफ इशारा है। सूत्रों की माने तो सिरसिया में मात्र कुछ कम्बलों का वितरण करके नायब तहसीलदार भिनगा के द्वारा सरकारी आंकड़ों में छः सौ कम्बल दर्शाया जा रहा है। ऐसे में यह कहना गलत न होगा कि नायब तहसीलदार भिनगा के सामने गरीबों की आवाज मत बनना पत्रकारों, वरना कैमरा टूट जायेगा।

No comments:

Post a Comment