अनूप मिश्रा (NNI Coverage तहसील संवाददाता)
पयागपुर/बहराइच, उ0प्र0। पयागपुर स्थित पृथ्वीनाथ शिवमंदिर आज अपनी पहचान के लिए मोहताज नहीं है ।एशिया का सबसे बड़ा शिवलिंग माना जाने वाले यह ऐतिहासिक शिवमंदिर अगर हिन्दू आस्था की दृष्टि से देखा जाए तो सम्पूर्ण विश्व मे यह मंदिर अपने शिवलिंग के लिए जगविख्यात है ।
जनपद के विकासखंड बिशेश्वरगंज अंतर्गत पुरैना नहर मार्ग से लगभग सात कि०मी० कस्बा खरगूपुर में यह मंदिर समस्त शिव पर्व, सोमवार शुक्रवार कजलीतीज व विशेषतः विशेष मास ( अधिक मास ) पर श्रद्धालुओं की असंख्य भीड़ देखी जाती है । कावड़ियों का समूह इसी मार्ग से पृथ्वी नाथ मंदिर पहुँचकर महादेव का जलाभिषेक करते है । बता दें कि इस शिवलिंग की स्थापना पांडवकालीन महाबली भीम ने की थी इसलिए यह मंदिर पहले भीमेश्वर नाथ के नाम से जाना गया बाद में पृथ्वी सिंह के नाम से पृथ्वीनाथ हुआ जिसकी प्राचीन कथा अद्भुत सुंदर व आत्मशांति प्रदान करने वाली है । आज दुनिया कोरोना वायरस जैसी महामारी से जूझ रहा है इसी के मद्देनजर इस पुरात्तव विभाग की धरोहर पृथ्वी नाथ मंदिर को भी बन्द कर दिया गया है ।महंत पृथ्वीनाथ जगदम्बा प्रसाद तिवारी ने बताया कि प्रशासन व भारतीय पुरातत्व विभाग के उच्चाधिकारियों के निर्देश अनुसार मंदिर में जलाभिषेक, पूजन अर्चन आदि पर रोक लगाकर स्थिति को देखते हुए 31 मार्च तक बंद कर दिया गया है।

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